दिनांक 17.08.22 को मानखुर्द के संविधान चौक में अखिल भारतीय जाति विरोधी मंच द्वारा राजस्थान के जालौर में 9 साल के बच्चे इंद्र मेघवाल की जातिगत उत्पीड़न और हत्या के खिलाफ विरोध प्रदर्शन आयोजित किया गया। प्रदर्शन में नौजवान भारत सभा, स्त्री मुक्ति लीग, लोकशाही युवा आघाड़ी, ऑल इंडिया यूथ फैडरेशन एवं अन्य संगठनों ने भाग लिया। नौजवान भारत सभा की तरफ से राहुल ने पिछले कुछ सालों के अनेक जातिवादी उत्पीड़न की घटनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार चाहती है कि हम जाति, धर्म और नस्ल के आधार पर एक दूसरे से लड़ते रहे और हमारे असली मुद्दों – बेरोजगारी, अशिक्षा, भुखमरी इत्यादि को भूल जाए। दरअसल हम मेहनतकश सब एक है और हमारी समस्याएं भी एक है लेकिन कुछ चंद मुट्ठी भर पूंजीपति चाहते हैं कि हम आपस में बंटे रहे और जाति धर्म अस्मिता की लड़ाइयों में उलझे रहे ताकि उनके द्वारा हो रहे मजदूरों मेहनतकशों की लूट पर कोई पुरजोर तरीके से सवाल ना उठा सके। इस लूट को छुपाने के लिए ही राष्ट्रवाद, अस्मितावाद का भूत खड़ा किया जा रहा है। ऐसे में हमारी जिम्मेदारी बनती है कि हम जाति धर्म जैसे सारे भेद भाव को छोड़कर असली मुद्दों पर एकजुट होकर इस अन्यायी व्यवस्था का मुकाबला करे । बिल्किस बानो और हाथरस की घटनाओं का उल्लेख करते हुए राहुल ने कहा कि सिर्फ संविधान, कानून, कोर्ट कचहरी और सत्ता के दायरे में रहकर न्याय की अपेक्षा करना मूर्खता है और फासीवाद और जातिवाद के खिलाफ लड़ाई सिर्फ सड़क पर ही जीती जा सकती है। इस मकसद को लेकर मौजूद लोगों से राहुल ने अखिल भारतीय जाति विरोधी मंच और नौजवान भारत सभा से जुड़ने का आह्वान किया।
दिनांक 17.08.22 को मानखुर्द के संविधान चौक में अखिल भारतीय जाति विरोधी मंच द्वारा राजस्थान के जालौर में 9 साल के बच्चे इंद्र मेघवाल की जातिगत उत्पीड़न और हत्या के खिलाफ विरोध प्रदर्शन आयोजित किया गया
